हज़ारीबाग़ के DC शशिप्रकाश सिंह और एसपी अंजनी अंजन रविवार को पिकनिक मनाने बिष्णुगढ़ के कोनार डैम पहुंचे दोनों बड़े अधिकारी कोनार डैम पहुंच कर डैम निरिक्षण लिया और इस वनभोज में कई जिले के बड़े अधिकारी भी सम्मिलित हुए |
DC शशिप्रकाश सिंह और SP अंजनी अंजन ने कोनार डैम क्षेत्र का निरीक्षण कर संभावनाओं का आकलन किया। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था, यातायात, पार्किंग, पर्यटक सुविधाओं और आपातकालीन इंतज़ामों पर विशेष चर्चा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि पर्यटन विकास के साथ-साथ पर्यटकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता रहे।
कोनार डैम को पर्यटन केंद्र बनाने की तैयारी
DC ने कहा की कोनार डैम को झारखण्ड की प्रसिद्ध वाटर टूरिस्म बनाया जा सकता है और बोले की यहाँ पर्यटन की असीम संभावनाएं है | साथ ही प्रशासन का उद्देश्य कोनार डैम की प्राकृतिक सुंदरता को संरक्षित रखते हुए उसे एक आकर्षक पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करना है। योजना के तहत यहां बोटिंग, वाटर स्पोर्ट्स, व्यू पॉइंट, कैफेटेरिया और इको-टूरिज्म सुविधाएं विकसित की जा सकती हैं। इससे न सिर्फ़ पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी, बल्कि झारखंड को एक नया टूरिज्म डेस्टिनेशन भी मिलेगा।

और साथ बोले की झारखंड को पर्यटन के क्षेत्र में एक नई पहचान मिलने जा रही है। हजारीबाग जिले में स्थित कोनार डैम को वाटर टूरिज्म हब के रूप में विकसित करने की दिशा में जिला प्रशासन ने बड़ी पहल की है। इस महत्वाकांक्षी योजना को लेकर DC शशिकरण सिंह और SP अंजनी अंजन के नेतृत्व में प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां तेज़ कर दी गई हैं।
DC और SP ने किया स्थल निरीक्षण
एसपी अंजनी अंजन ने कहा की कोनार डैम की ख़ूबसूरती काफी आकर्षित है हज़ारीबाग़ जिले के अलग अलग पर्यटको को मिलकर एक टूरिस्ट हब के रूप में विकसित किया जायेगा |

SP अंजनी अंजन ने स्पष्ट किया कि वाटर टूरिज्म शुरू करने से पहले मजबूत सुरक्षा प्लान तैयार किया जाएगा। लाइफ जैकेट, प्रशिक्षित स्टाफ, सीसीटीवी निगरानी और आपदा प्रबंधन टीम की तैनाती सुनिश्चित की जाएगी, ताकि किसी भी तरह की अनहोनी से बचा जा सके।
रोजगार और स्थानीय विकास को मिलेगा बढ़ावा
कोनार डैम को वाटर टूरिज्म हब बनाने से स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर खुलेंगे। गाइड, बोट ऑपरेटर, सुरक्षा कर्मी, होटल और स्थानीय व्यवसायों को सीधा लाभ मिलेगा। प्रशासन का मानना है कि इससे क्षेत्र की आर्थिक स्थिति मज़बूत होगी और पलायन पर भी रोक लगेगी।

कब शुरू हो सकता है प्रोजेक्ट?
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, जल्द ही इस योजना का डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR) तैयार किया जाएगा। राज्य सरकार की मंज़ूरी मिलने के बाद चरणबद्ध तरीके से काम शुरू किया जाएगा। उम्मीद है कि आने वाले समय में कोनार डैम झारखंड के प्रमुख पर्यटन स्थलों में शामिल होगा।
कोनार डैम पर वाटर टूरिज्म हब बनने से झारखंड की पर्यटन छवि को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिलेगी। यह परियोजना राज्य में सस्टेनेबल टूरिज्म को बढ़ावा देने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है।